राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आंध्र प्रदेश पुनर्गठन (संशोधन) विधेयक 2026 को दी मंजूरी, अमरावती बनी राज्य की एकमात्र स्थायी राजधानी
नई दिल्ली/अमरावती। द्रौपदी मुर्मू ने आंध्र प्रदेश पुनर्गठन (संशोधन) विधेयक 2026 को अपनी मंजूरी दे दी है। इस महत्वपूर्ण संवैधानिक कदम के साथ अमरावती को आधिकारिक रूप से आंध्र प्रदेश की एकमात्र और स्थायी राजधानी घोषित कर दिया गया है।
इस निर्णय के बाद राज्य में राजधानी को लेकर लंबे समय से चल रही असमंजस की स्थिति समाप्त हो गई है। अब प्रशासनिक, विधायी और न्यायिक गतिविधियों का केंद्र अमरावती ही रहेगा।
राज्य सरकार के सूत्रों के अनुसार, इस संशोधन के माध्यम से विकास कार्यों को गति देने, प्रशासनिक स्थिरता सुनिश्चित करने और बुनियादी ढांचे के निर्माण को प्राथमिकता दी जाएगी। राजधानी क्षेत्र में सरकारी कार्यालयों, विधानसभा भवन, उच्च न्यायालय और अन्य संस्थानों के विस्तार की योजनाओं को भी तेज किया जाएगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस निर्णय से निवेशकों का विश्वास बढ़ेगा और क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। वहीं, राजनीतिक स्तर पर इसे एक निर्णायक कदम के रूप में देखा जा रहा है, जो राज्य की प्रशासनिक दिशा को स्पष्ट करता है।
गौरतलब है कि आंध्र प्रदेश के पुनर्गठन के बाद से राजधानी को लेकर विभिन्न प्रस्तावों और चर्चाओं का दौर चलता रहा था। राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद अब अमरावती की स्थिति विधिक रूप से सुदृढ़ हो गई है।
(विस्तृत दिशा-निर्देश और अधिसूचना जारी होने के बाद और जानकारी साझा की जाएगी।)









